कोटा – दो इंजीनियरिंग स्टूडेंट्स को रावतभाटा रोड के जंगल में दिनांक 1.10. 18 को एक वृद्ध महिला असहाय, लावारिस स्थिती में मिली जो अपने बारे मे ज्यादा कुछ बता नहीं पा रही थी। ये स्टूडेंट्स महिला की मदद करने के उद्देश्य से विज्ञान नगर थाना कोटा लेकर पहुंचे जहाँ से अपना घर आश्रम कोटा मे थाने वालों ने भर्ती करवाया।
दोनो स्टूडेंट्स मे से एक महाराष्ट्र का रहने वाला है ।उसने बताया कि महिला मराठी बोल रही है ।उसने वृद्धा से मराठी मे बात की तो उनका पता वसई ठाणे,महाराष्ट्र का निकला।थाने के माध्यम से उसके घर वालों को सूचना दी गई । सूचना मिलते ही उनके पुत्र संजय एवं नागेश योगिष्टे कोटा अपना घर आश्रम लेने पहुंचे।15 दिनो से गुम हुई अपनी वृद्ध मां को सलामत अपने सामने देखकर एक बार उनको विश्वास नही हुआ।मां बेटों के अदभुत मिलन को देख कर आश्रम के सेवा कर्मियों की आंखो मे भी आंसू आ गए। संजय एवं नागेश ने अपनी मां को मिलाने में सहयोगियों का धन्यवाद दिया एवं आश्रम की
सेवाओं की प्रशंसा की औऱ दि 3.10 18 को मां को लेकर महाराष्ट्र रवाना हुए।
दोनों इंजीनियरिंग स्टूडेंट्स की मदद की भावना एवं तत्परता के चलते ही यह सम्भव हुआ वर्ना कहा तो महाराष्ट्र औऱ कहां कोटा के जंगल तिस पर वृद्धावस्था एवं अनजान भाषा