स्लेहा की कुशलक्षेम पूंछते हुए डॉ त्रिपाठीए व मोबाइल हैल्थ टीम के डॉक्टर्स

कोटा – शहर के श्रीपुरा कबाड़ी बस्ती में रहने वाले मोहम्मद आरीफ के परिवार में फिर से खुशियां लौट आई है। दिल में छेद की शिकार उसकी पौने चार साल ;3 वर्ष 7 माहद्ध की बेटी स्लेहा का राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम की बदौलत शहर के प्राईवेट अस्पताल कोटा हार्ट में 13 सितम्बर को निशुल्क ऑपरेशन किया गया। अब वह बिल्कुल ठीक और स्वस्थ है। सोमवार को उसे अस्पताल से छुट्टी भी मिल गई है। इससे पूर्व सुबह कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डॉ एमके त्रिपाठी और मोबाईल हैल्थ टीम के डॉ अभिवन गौतम और डॉ अन्जु शारदा ने अस्पताल पहंुच बच्ची की कुशलक्षेम पूंछी। इसी तरह जिले में अब तक इस बिमारी के 79 बच्चों के दिल में छेद के निशुल्क ऑपरेशन करवाए जा चुके है। डॉ त्रिपाठी ने बताया कि स्लेहा को अर्बन.ए की मोबाइल हैल्थ टीम ने इसी साल 9 मार्च को क्षेत्र की आंगनबाड़ी केंद्र पर स्क्रीनिंग के दौरान चिन्हित कर जिला स्तर पर रैफर किया था। यहां मेडिकल कॉलेज में आवश्यक जांचे करवाने पर दिल में छेद की गंभीर बीमारी ;सीएचडीद्ध पकड़ में आई थी। उसके बाद उसके ऑपरेशन की कवायद शुरू की गई थी। बच्ची का परिवार एनएफएसए पात्र होने के कारण उसका ऑपरेशन भामाशाह स्वास्थ्य बीमा योजना के पैकेज में करवाया गया है। पिता मोहम्मद आरीफ ई.मित्र केंद्र पर काम कर बमुश्किल परिवार का पालन.पोषण करते हैं। बच्ची के ऑपरेशन पर करीब 75 हजार रूपयों का खर्चा आ रहा था जिसे वह वहन करने की स्थिति में नही थे। ऐसे में बेटी के निषुल्क इलाज से परिवार को बड़ी राहत मिली है। उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत सरकारी स्कूलोंए आंगनबाड़ी केंद्रों व मदरसों में मोबाइल हैल्थ टीमों द्वारा पंजिकृत जन्म से 18 वर्ष तक की उम्र के बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण करने के बाद दिल में छेदए क्लब फुटए कटे.फटे होंट व तालूए कॉकलियर इंम्लांट समेत 38 तरह की मुख्य बिमारियों चिन्हित कर बड़े सरकारी व अनुंबधित निजी अस्पतालों में निःशुल्क सर्जरी व उपचार करवाया जाता है। इससे हजारों गरीब परिवारों को राहत मिली है।