पूर्व विधायक राठौड़ ने लगाया राशि के दुरूपयोग का आरोप, 18 सित. को देगे धरना
छबड़ा :- छबड़ा सुपर क्रिटिकल थर्मल पावर प्रोजेक्ट की सीएसआर समिति द्वारा क्षेत्र का इंफ्राक्ट्रेक्चर मजबूत करने, शिक्षा को बढ़ावा देने, पर्यावरण संतुलन एवं सांस्कृतिक व खेलकूद गतिविधियों को बढ़ाने के लिए सीएसआर फंड की 33 करोड़ की राशि में से 30 करोड़ की राशि विकास कार्यों पर व्यय कि गई हैं। वहीं पूर्व विधायक करणसिंह राठौड़ ने इस राशि के दुरूपयोग का आरोप लगाते हुए इस मामले को लेकर उनके नेतृत्व मे आगामी 18 सितम्बर को प्लांट के मुख्य दरवाजे के बाहर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।

सुपर क्रिटिकल के अधिक्षण अभियंता व सीएसआर के नोड़ल अधिकारी संजीव कुमार ने बताया कि गत 13 सितंबर 2017 को जिला कलेक्ट की अध्यक्षता में आहूत हुई बैठक में इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए 24.75 करोड़, शिक्षा के लिए 3.3 करोड, पर्यावरण के लिए 33 करोड़, सांस्कृतिक एवं खेलकूद गतिविधियों के लिए 1.65 करोड़ की राशि व्यय करने का अनुमोदन किया गया था। इसी के तहत जन उपयोगी कार्यों के लिए मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन अभियान पर लगभग साढ़े पांच करोड़, जल संसाधन विभाग को 10 लाख, छबड़ा सार्वजनिक निर्माण विभाग को 16 करोड़ 65 लाख, मोइन फाउंडेशन को 45 लाख, जिला शिक्षा अधिकारी को एक करोड़ 82 लाख एवं ग्रामीण विकास ट्रस्ट को तीन करोड़ आठ लाख, सार्वजनिक निर्माण विभाग बारां को ढाई करोड़ रुपये की राशि का आवंटन विकास कार्यों के लिए किया गया था। छबड़ा सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिशाषी अभियंता मुकेश गुप्ता ने बताया कि सीएसआर फंड की राशि मे से छबड़ा-छीपाबड़ोद पंचायत समिति क्षेत्र की प्रत्येक ग्राम पंचायतों में 10-10 लाख रूपए सीसी व इंटरलॉकिग सड़को के निर्माण कार्य सहित अन्य विकास कार्य करवाएं गए हैं। छबड़ा नगर पालिका के 25 वार्डों में 10-10 लाख के विकास कार्य भी करवाएं गए हैं इसी के तहत एक करोड़ 55 लाख की लागत से जैपला पुलिया का निर्माण कार्य चल रहा हैं। वही गांव ऊचावद से छतरपुरा तक एक करोड़ 40 लाख एवं घट्टी फाटक से अमीनपुरा तक एक करोड़ 50 लाख की लागत से सड़क निर्माण कार्य पूर्ण हो चुके हैं। तथा कोटड़ी होते हुए कडैयावन लिंक रोड़ 30 लाख, कोटरापार में गौरव पथ 72 लाख एवं सारथल से काकोनी 65 लाख व पछाड़ से आदी नगर तक 40 लाख की लागत से सड़क निर्माण कार्य करवाएं गए हैं। गुप्ता ने बताया कि थर्मल प्रभावित गांव तीतरखेड़ी, अरनियापार, मवासाव्यास, भटखेड़ी, अकोदियापार आदि गांवों में भी सड़क निर्माण आदि विकास कार्य किए गए हैं और सुलभ शौचालय व यूरिनल इत्यादि निर्माण कार्य प्रस्तावित हैं। आगामी 18 सितंबर को कांग्रेस देगी धरनाः- पूर्व विधायक करणसिंह राठौड़ ने आरोप लगाया कि थर्मल प्लांट के निर्माण मे अवाप्त कि गई जमीनो के एक दर्जन गांवो में विकास कार्य करवाने के लिए सीएसआर योजना से 33 करोड़ की योजना बनाई गई थी किंतु प्रभावित गांवो मे विकास कार्य नही करवाने एवं इस राशि का दुरूपयोग करने के विरोध मे उनके नेतृत्व मे कांग्रेस पार्टी आगामी 18 सितम्बर को प्लांट के मुख्य दरवाजे के बाहर धरना प्रदर्शन करेगी। इस प्रदर्शन को सफल बनाने के लिए बुधवार को राहरोन फाटक पर एक दर्जन गांवो के किसानो की बैठक आहूत हुई। जिसमें इस आंदोलन को सफल बनाने के लिए विचार-विमर्श कर पृथक-पृथक जिम्मेदारियां सौंपी गई।