कोटा– परिवार नियोजन के स्थायी साधन नसबंदी में पुरूषों की भागीदारी बढ़ाने के लिए चिकित्सा विभाग अब हर माह के तीसरे बुधवार को पुरूष नसबन्दी दिवस मना रहा है।

डिप्टी सीएमएचओ परिवार कल्याण डॉ गिरधर गुप्ता ने बताया कि इसी क्रम में बुधवार को जिले की पांचों ब्लॉक की एक-एक सीएचसी -रामगंजमण्डी,इटावा,सांगोद,सुल्तानपुर और कैथून में पुरूष नसबंदी शिविर लगाए जाएगें। उन्होनें बताया कि जिले में पुरूष नसबंदी के कैस बढ़ाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। शिविर में नसबंदी लाभार्थी एवं प्रेरकों को राज्य सरकार की ओर से देय निर्धारित प्रोत्साहन राशि भी दी जाएगी। डॉ गुप्ता ने बताया कि महिलाओं की अपेक्षा पुरूष नसबंदी (एनएसवी) विश्वसनीय, सरल, आसान और स्थायी होती है। इस विधी में ना तो कोई चीरा लगाया जाता है, और ना ही कोई टांका, साथ ही दर्द भी नही होता है। सिर्फ 5 मिनट में पुरूष नसबंदी हो जाती है। इससे शारीरिक शक्ति में कोई कमी या कमजोरी नही आती।