कोटा- हरिमोहन मेहरा (ब्यूरो चीफ़) राष्ट्रीय परिवार कल्याण कार्यक्रम के तहत प्रदेश में परिवार नियोजन के स्थायी साधनों को अपनाने में पुरूषों की भागीदारी बढ़ाने के लिए अब प्रत्येक माह के तीसरे बुधवार को ‘पुरूष नसबंदी दिवस’ के रूप में आयोजित जायेगा। प्रदेशभर में पहला पुररूष नसंबदी दिवस 16 मई, बुधवार को आयोजित होगा।

स्वास्थ्य सचिव एवं मिशन निदेशक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन श्री नवीन जैन ने सोमवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये जिला व ब्लाक स्तर तक पुरुष नसबंदी दिवस की तैयारियों की विस्तार से समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिये।
श्री जैन ने संबधित अधिकारियों को जिले में उपलब्ध एनएसवी प्रशिक्षित सेवा प्रदाताओं की टीम की संख्या के अनुरूप कार्ययोजना बनाकर नसबंदी सेवायें प्रदान करने के साथ ही आमजन में पुरूषबंदीवार दिवस के प्रभावी प्रचार-प्रसार गतिविधियां भी आयोजित करने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने प्रत्येक चिकित्सा अधिकारी, एलएचवी, एएनएम ब्लाक/पीएचसी आशा सुपरवाईजर एवं आशा सहयोगिनियों द्वारा एक टीम के रूप में कार्य कर परिवार नियोजन के इस अभियान को सफल बनाने का आव्हान किया। उन्होंने कार्यक्रम की सघन मानिटरिंग सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिये गये हैं।
मिशन निदेशक ने जिलों में महिला नसबंदी, पीपीआईयूसीडी निवेशन, गर्भनिरोधक इंजेक्शन अंतरा आदि परिवार कल्याण गतिविधियों की भी समीक्षा की। उन्होंने कम प्रगति वाले जिलों को सघन कार्ययोजना बनाकर उपलब्धि का अपेक्षित स्तर प्राप्त करने के निर्देश दिए।
वीसी में राज्य स्तर से अतिरिक्त निदेशक आरसीएच डा. ओपी थाकन, संयुक्त निदेशक डा. रामबाबू जायसवाल एवं परियोजना निदेशक परिवार कल्याण डा. ओपी कुलहरी सहित संबंधित अधिकारीगण उपस्थित थे। वहीं सभी जिलों सहित कोटा में डिप्टी सीएमएचओ, जिला कार्यक्रम प्रबंधक, बीसीएमओ, आशा समन्वयक एवं आईईसी समन्वयक अपने अपने जिलों में मौजूद रहे।

चार सीएचसी पर लगेगें पुरूष नसंबदी केंप
डिप्टी सीएमएचओ (प.क) डॉ गिरधर गुप्ता ने बताया कि हर माह के तीसरे बुधवार को सीएचसी रामगंजमण्डी, इटावा, सुल्तानपुर और सांगोद में पुरूष नसंबदी नियत सेवा दिवस आयोजित किया जाएगा। इसमें पुरूषों को निःशुल्क नसंबदी की सुविधा के साथ राज्य सरकार द्वारा देय प्रोहत्सान राशि भी मिलेगी।